षष्ठम दुर्गा: श्री कात्यायनी
दुर्गाका षष्ठम् रूप श्री कात्यायनी। “चन्द्रहासोज्जवलकरा शार्दूलावरवाहना। कात्यायनी शुभं दद्यादेवी दानव घातिनी।।” श्री दुर्गाका षष्ठम् रूप श्री कात्यायनी। महर्षि कात्यायन
Read moreदुर्गाका षष्ठम् रूप श्री कात्यायनी। “चन्द्रहासोज्जवलकरा शार्दूलावरवाहना। कात्यायनी शुभं दद्यादेवी दानव घातिनी।।” श्री दुर्गाका षष्ठम् रूप श्री कात्यायनी। महर्षि कात्यायन
Read more“सिंहासनगता नित्यं पद्याञ्चितकरद्वया। शुभदास्तु सदा देवी स्कन्दमाता यशस्विनी॥“ श्री दुर्गा का पंचम रूप श्री स्कंदमाता हैं। नवरात्रि के पंचम दिन
Read more“सुरासम्पूर्णकलशं रूधिराप्लुतमेव च। दधानाहस्तपद्याभ्यां कुष्माण्डा शुभदास्तु में।। दुर्गा का चतुर्थ रूप श्री कूष्मांडा। नवरात्रि के चतुर्थ दिन इनकी पूजा और
Read more“पिण्डजप्रवरारूढ़ा चण्डकोपास्त्रकैयुता। प्रसादं तनुते मद्यं चन्द्रघण्टेति विश्रुता।।” श्री दुर्गा का तृतीय रूप श्री चंद्रघंटा है। इनके मस्तक पर घंटे के
Read more“दधना कर पद्याभ्यांक्षमाला कमण्डलम। देवी प्रसीदमयी ब्रह्मचारिण्यनुत्तमा॥ श्री दुर्गा का द्वितीय रूप श्री ब्रह्मचारिणी हैं। यहां ब्रह्मचारिणी का तात्पर्य तपश्चारिणी
Read moreUK Dinmaan: देश के कई कोनों में प्राचीन मंदिर हैं और उससे जुड़े कई रहस्य व चमत्कार की बातें, किस्से
Read moreपौराणिक मान्यता के अनुसार पितृपक्ष में पूर्वजों की आत्माएं धरती के सन्निकट होती हैं। ज्योतिषियों के अनुसार इस समय चंद्रमा,
Read moreरुद्रप्रयाग जनपद के मन्दाकिनी घाटी में गुप्तकाशी से 10 किलोमीटर की उत्तर पूर्व में प्रसिद्ध सिद्धपीठ श्री कालीमठ मंदिर है!
Read moreचमोली जिले में तिब्बत सीमा पर देश के अंतिम गांव माणा में आज भी सरस्वती की पूजा की जाती है।
Read more